जल से ही जीवन बना, जल जीवन आधार। रखो बचाकर जल सदा, जल जीवन का सार।।१ जल से ही होता सदा, अपना सारा काम। जल संरक्षण के लिए, करें उपाय तमाम।। २ मचा हुआ चारों तरफ, जल बिन हाहाकार। होती है जल के लिए, आपस में तकरार।। ३ जल बिन है जीवन नहीं, इतना रखना याद। तड़पोगे इसके बिना, मत कर जल बर्बाद।। ४ माना पानी का नहीं, लगता कोई मोल। पर जल जीवन के लिए, होता है अनमोल।। ५ किस प्रकार से जल बचे, इसका करो प्रयास। धन-दौलत से कीमती, पानी सबसे खास।। ६ जल-संकट नित बढ़ रहा, हुआ रूप विकराल। त्राहि-त्राहि सब कर रहे, सूखे से बेहाल।। ७ सूख रही है यह धरा, सूखी नदियाँ ताल। गया किधर जल था यहाँ, बन कर खड़ा सवाल।। ८ बूंद-बूंद अमृत भरा, फेको मत बेकार। जल बगैर कुछ भी नहीं, गलती करो सुधार।। ९ बड़ा पाप जल फेंकना , कहते वेद पुराण। सभी जीव करते ग्रहण, जल से पोषित प्राण।। १० जल से सकल जहान है, जल बिन सब श्मशान। जल संरक्षण सब करे, कीमत को पहचान।। १ १ जल की ताकत को समझ,हे मानव अज्ञान। इसे बचाओ मान लो, कहता है विज्ञान।।...